नई दिल्ली ... प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविदासिया समाज के जालंधर स्थित सबसे बड़े धार्मिक स्थल डेरा सचखंड बल्लां पहुंचे। यहां मोदी ने संत निरंजन दास के पैर छूकर श्रद्धालुओं को संबोधित किया। उन्होंने कहा- मेरा रिश्ता संत रविदास जी की जन्मभूमि काशी से है। मैं पंजाब दी धरती नूं नमन करदा हां (मैं पंजाब की धरती को नमन करता हूं)। आज पेश हुए बजट में पंजाब को मिले लाभ का जिक्र किया। साथ ही यूरोपीय यूनियन के साथ हुई ट्रेड डील का जिक्र करते हुए कहा कि अब पंजाब में बने कपड़े और सामान यूरोप के बाजारों में बिकेगा। पीएम मोदी ने 33 मिनट कार्यक्रम को संबोधित किया। इसमें रविदास की वाणी से 3 श्लोक पढ़े। काशी (वाराणसी), मध्यप्रदेश और पंजाब में संत रविदास की सेवा करने की बात दोहराई। रविदासिया समाज के साथ वाल्मीकि समाज को भी साधा। वाल्मीकि समाज को साधने के लिए अयोध्या के एयरपोर्ट का नाम महर्षि वाल्मीकि के नाम पर करने की बात बताई। वहीं, कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डेरे के प्रबंधक ने कहा कि हम क्करू के आने से बहुत खुश हैं। पहली बार कोई प्रधानमंत्री हमारे बीच आया। इससे पहले क्करू दिल्ली से आदमपुर एयरपोर्ट पहुंचे, जहां उन्होंने पहले आदमपुर एयरपोर्ट का नाम बदलकर श्री गुरू रविदास महाराज जी एयरपोर्ट, आदमपुर रखने का उद्घाटन किया। इसके बाद लुधियाना के हलवारा स्थित इंटरनेशनल एयरपोर्ट का वर्चुअल उद्घाटन किया। पीएम ने कहा मेरा रिश्ता संत रविदास की जन्मभूमि सेः आप सभी जानते हैं कि मेरा रिश्ता उस काशी से है, जो संत रविदास की जन्मभूमि है। काशी ने मुझे सेवा का मौका दिया। काशी के उन घाटों को मैंने छुआ है, जहां गुरु रविदास ने शिक्षा ली। यहीं से संत रविदास ने कहा था- मन चंगा तां कठौती च गंगा।हमारी सरकार ने संत निरंजन दास को सम्मानित कियाः संत श्री पीपल दास जी, संत श्री श्रवण दास जी के चलते गुरु रविदास के विचार जन-जन तक पहुंचे।