लखनऊ से हिंदी एवं उर्दू में एकसाथ प्रकाशित राष्ट्रीय दैनिक समाचार पत्र
ताजा समाचार
नारी गरिमा और उसके सम्मान की रक्षा के लिए तीन तलाक बिल आवश्यक था
माेदी सरकार से जनता की अपेक्षायें बढ़ी: रामदेव
सुल्तानपुर में फ्लाईओवर का पिलर टेढा होने पर जांच के आदेश
मोदी की टिप्पणी ‘हताशा का चरम’: तृणमूल
बहराइच में पानी के लिये भटका बारहसिंघा, कुत्तों ने नोचा
मलेशिया में नजीब रजाक के घर के आसपास घेराबंदी
बस खाई में गिरी, आठ की मौत
मोदी ने कर्नाटक के लोगों से किया बड़ी संख्या में मतदान करने का आग्रह
अमेरिका ने ईरान पर लगाए नए प्रतिबंध
कांग्रेस कर्नाटक में वापसी को लेकर आशवस्त
इजरायली सैनिकों की गोलीबारी में 350 फिलीस्तीनी घायल
पृथ्वी शॉ की तकनीक सचिन जैसी: मार्क वॉ
अमेरिका की पूर्व पहली महिला बारबरा बुश का निधन
वंशवाद और जातिवाद ने किया यूपी का बंटाढार
मुठभेड़ में लश्कर का शीर्ष कमांडर वसीम शाह ढेर

देश

डेली न्यूज़ एक्टिविस्ट

मीडिया हाउस, 16/3 'घ',
सरोजिनी नायडू मार्ग, लखनऊ - 226001
फ़ोन : 91-522-2239969 / 2238436 / 40, फैक्स : 91-522-2239967/2239968
ईमेल : dailynewsactivist@yahoo.co.in, dailynewslko@gmail.com
वेबसाइट : http://www.dnahindi.com
ई-पेपर : http://www.dailynewsactivist.com

शिव सेना को किस आधार पर राजग से बाहर निकाला गया: सामना

शिव सेना को किस आधार पर राजग से बाहर निकाला गया: सामना

मुंबई, 19 नवंबर (वार्ता)  19 Nov 2019      Email  

मुंबई, 19 नवंबर  शिव सेना ने राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) से हटाये जाने के संबंध में कहा है कि राजग से शिवसेना को हटाने के लिए उचित प्रक्रियाओं का पालन किया गया या नहीं, क्या इस तरह का कदम उठाने से पहले कोई कारण बताओ नोटिस जारी किया गया।

शिव सेना ने पार्टी के मुखपत्र सामना के आज के संपादकीय में लिखा है कि केन्द्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने शिव सेना को राजग से बाहर निकालने की घोषणा करते हुए कहा कि शिव सेना का संबंध कांग्रेस के साथ है, इसलिए शिव सेना को राजग से निकाला जाता है और शिव सेना सांसदों को संसद में विपक्षी खेमे में बैठाया गया।

सामना में आगे लिखा है कि जिस राजग से शिव सेना को निकाला गया है उस राजग की स्थापना में दिवंगत बाल ठाकरे, पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी, भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी आदि का विशेष योगदान है। शिव सेना को राजग से निकालने के पहले क्या राजग में शामिल दलों की बैठक बुलायी गयी, क्या इस पर चर्चा हुयी या फिर मनमाने ढंग से घोषणा कर दी गयी। जिसने भी शिव सेना को राजग से बाहर निकालने की घोषणा की उसे शिव सेना का मर्म और राजग का कर्म-धर्म का पता नहीं है।

राजग की जब नींव रखी गयी तब आज के कई नेताओं का जन्म भी नहीं हुआ रहा होगा। शिव सेना को निकालने का किस आधार पर निर्णय लिया गया, जो कुछ भी किया गया, वह उचित नहीं है।


Comments

' data-width="100%">

अन्य खबरें

पड़ोसी देशों में उत्पीड़न के शिकार लोगों को भारतीय नागरिकता देने से सुनिश्चित होगा बेहतर कल
पड़ोसी देशों में उत्पीड़न के शिकार लोगों को भारतीय नागरिकता देने से सुनिश्चित होगा बेहतर कल

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को वायदों की राजनीति की बजाय कामकाज की राजनीति की तरफ ले जाने की प्रतिबद्धता दोहराते हु