नई दिल्ली .... केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को त्रिपुरा में भारत-बांग्लादेश सीमा पर लंकामुरा बॉर्डर आउटपोस्ट पर बीएसएफ जवानों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि त्रिपुरा फ्रंटियर हमारे लिए बहुत महत्वपूर्ण है। चाहे त्रिपुरा हो या बंगाल या फिर बिहार, हम जनसांख्यिकीय बदलाव नहीं होने देंगे। यह हमारा अटूट संकल्प है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा, त्रिपुरा फ्रंटियर हमारे लिए बहुत महत्वपूर्ण है... चाहे त्रिपुरा हो या बिहार, हम डेमोग्राफिक बदलाव नहीं होने देंगे। यह हमारा पक्का संकल्प है।
उन्होंने कहा कि बीएसएफ देश की पाकिस्तान और बांग्लादेश सीमाओं की सुरक्षा की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभा रही है। उन्होंने कहा कि दोनों सीमाओं पर चुनौतियों का स्वरूप अलग-अलग है और प्रत्येक सीमा की अपनी विशेष सुरक्षा आवश्यकताएं हैं। शाह ने कहा कि कहीं मादक पदार्थों की तस्करी की चुनौती है, तो कहीं मानव तस्करी की समस्या है। कुछ क्षेत्रों में हथियारों की तस्करी और नकली मुद्रा के नेटवर्क भी सक्रिय हैं। इसलिए हर सीमा के लिए अलग रणनीति की जरूरत होती है।
उन्होंने कहा कि सरकार ने फैसला किया है कि जहां-जहां बीएसएफ तैनात है, वहां स्मार्ट बॉर्डर प्रणाली विकसित की जाएगी। इसके तहत आधुनिक तकनीक, सुरक्षा बलों और स्थानीय प्रशासन के समन्वय से सीमाओं को और अधिक सुरक्षित बनाया जाएगा। विश्व पर्यावरण दिवस का उल्लेख करते हुए गृह मंत्री ने बीएसएफ और सीएपीएफ के जवानों द्वारा किए जा रहे वृक्षारोपण प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि पेड़ लगाना और उनकी देखभाल करना केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं होना चाहिए, बल्कि यह हमारी जीवनशैली का हिस्सा बनना चाहिए।
उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता समय की आवश्यकता है। बीएसएफ चौकियों और अन्य आधारभूत ढांचों के निर्माण में जिन पेड़ों की कटाई हुई है, उसकी भरपाई के लिए अधिक संख्या में पेड़ लगाना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है। शाह ने कहा कि बढ़ता वैश्विक तापमान, जलवायु परिवर्तन और ओजोन परत को हो रहा नुकसान भविष्य के लिए गंभीर चुनौती हैं। यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए, तो इसका असर पूरी दुनिया पर पड़ेगा।
अमित शाह ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के द्वितीय सरसंघचालक माधव सदाशिवराव गोलवलकर की पुण्यतिथि पर भी उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि गोलवलकर ने अपना पूरा जीवन राष्ट्र सेवा के लिए समर्पित किया। उन्होंने धैर्य, परिश्रम और मातृभूमि के प्रति समर्पण के साथ काम किया। उनके नेतृत्व में लाखों ऐसे कार्यकर्ता तैयार हुए, जो देश की संस्कृति, इतिहास, भाषा, सुरक्षा और स्वाभिमान पर गर्व करते हैं।
केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल के साथ केंद्रीय गृह मंत्रालय के सभी दफ्तरों ने आज पूरे देश में 5 लाख से ज्यादा पौधे लगाए। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की पहल पर 2020 में शुरू किए गए वृक्षारोपण अभियान के तहत अब तक 6.67 करोड़ से ज़्यादा पौधे लगाए जा चुके हैं। उम्मीद है कि इस साल 7 करोड़ पेड़ लगाने का लक्ष्य पूरा हो जाएगा। सीएपीएफ ने 2026 में 40 लाख और 2027 में 2 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य रखा है।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक पांच सितारा हेरिटेज होटल परियोजना की आधारशिला रखी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री माणिक साहा और टिपरा मोथा प्रमुख प्रद्योत किशोर देबबर्मा भी उपस्थित रहे। अधिकारियों के अनुसार, ताज पुष्पबंता पैलेस नाम से विकसित होने वाले इस होटल का निर्माण अगले तीन वर्षों में लगभग 250 करोड़ रुपये की लागत से किया जाएगा। त्रिपुरा सरकार ने 14 मार्च 2025 को टाटा समूह की इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड (आईएचसीएल) के साथ एक समझौता किया था। इसके तहत ऐतिहासिक पुष्पबंता पैलेस को हेरिटेज पांच सितारा होटल में बदला जाएगा।
वर्ष 1917 में महाराजा बीरेन्द्र किशोर माणिक्य द्वारा निर्मित यह महल वर्ष 2018 तक राजभवन के रूप में उपयोग में था। मई 1941 में गुरुदेव रवीन्द्रनाथ ठाकुर का 80वां जन्मोत्सव भी इसी महल में आयोजित किया गया था। प्रस्तावित होटल में कुल 104 कमरे होंगे। इनमें से चार कमरों को राजपरिवार की जीवनशैली के अनुरूप विशेष रूप से विकसित किया जाएगा।